जमशेदपुर : जमशेदपुर के कलाकार और जमशेदपुर में बनी पहली छत्तीसगढ़ी फिल्म ‘ लॉकडाउन के मया’ झारखंड के जमशेदपुर में रिलीज के पहले दिन ही हाउस फुल रही, वही जमशेदपुर के वासियों ने इसे काफी सराहा। फिल्म की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके प्रोड्यूसर डॉJ.K.देवांगनऔर को- प्रोड्यूसर डॉ प्रतिमा देवांगन, पति पत्नी है जबकि फिल्म की हीरोइन स्नेहा देवांगन वे इन दोनों की बेटी है। वही फिल्म के डायरेक्टर फिल्म जगत के प्रख्यात मोहम्मद हबीब है।

फिल्म के बारे में प्रोड्यूसर , को प्रोड्यूसर ,डायरेक्टर और हीरोइन ने बताया कि फिल्म में यह बताने की कोशिश की गई है कि लॉकडाउन के इस विकट परिस्थिति में भी दो परिवार के लोग किस तरह मिलजुल कर और प्यार से रह सकते हैं, इसमें प्रेमी प्रेमिका के परिवार के बीच आए परेशानियों के बावजूद दोनों परिवार एक हुए हैं, फिल्म की 90% शूटिंग जमशेदपुर में हुई है, जबकि कुछ कोलकाता और छत्तीसगढ़ के रायपुर में की गई। फिल्म को हिंदी या भोजपुरी में बनाते हैं तो इतना पाॅपलर्टी नहीं मिल पाती इसलिए छत्तीसगढ़ी भाषा में फिल्म बनाने का निर्णय लिया।इधर झारखंड में पहले बार जमशेदपुर के गोलमुरी स्थित फिल्म टॉकीज में रिलीज के प्रथम दिन हाउसफुल रहा, जमशेदपुर में इसके रिलीज होने से छतीसगढ़ी समाज में काफी उत्साह है, और दर्शकों ने इस फिल्म को जम कर सराहा। यहअन्य फिल्मों से कुछ अलग है जो बार-बार देखने के लिए शहर वासियों को मजबूर करेगी।




