रांची : राज्य पुलिस प्रमुख अनुराग गुप्ता 30 अप्रैल 2025 को अपने पद से सेवानिवृत्त होंगे। उन्हें दो वर्षों तक इस पद पर सेवा देने का अवसर नहीं मिल पाएगा, क्योंकि उनकी नियुक्ति को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आपत्ति जताई है। मंत्रालय को इस मामले में कई शिकायतें प्राप्त हुई थीं, जिनमें गुप्ता की पदस्थापना को अनुचित ठहराया गया था।

इन आरोपों में कहा गया कि पूर्व डीजीपी अजय कुमार सिंह को हटाने की प्रक्रिया सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के विरुद्ध थी। मंत्रालय ने जांच कर यह निष्कर्ष निकाला कि राज्य सरकार द्वारा बनाई गई नियुक्ति प्रक्रिया अखिल भारतीय सेवा नियमों के अनुरूप नहीं है। इसी आधार पर अनुराग गुप्ता को उनकी निर्धारित सेवानिवृत्ति तिथि पर ही सेवा से मुक्त किया जाएगा। जनवरी 2025 में राज्य सरकार ने इस संबंध में एक प्रस्ताव कैबिनेट में रखा था, जिसमें नियम 10 के तहत यह प्रावधान किया गया था कि डीजीपी बनने के बाद अधिकारी दो साल का कार्यकाल पूरा करेगा, चाहे उसकी उम्र सेवानिवृत्ति की सीमा तक पहुँच चुकी हो। लेकिन केंद्र के निर्देशों के कारण यह नियम लागू नहीं हो सका।




