रांची : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के हस्तक्षेप के बाद पलामू के मेदिनीनगर स्थित फोरलेन मार्ग पर लगातार हो रही जानलेवा दुर्घटनाओं को लेकर प्रशासन सक्रिय हो गया है। हाल के दिनों में हुई कई दुखद घटनाओं में लोगों की मौत के बाद सरकार ने पूरे मामले को गंभीरता से लिया है। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों और जिला प्रशासन को तत्काल प्रभाव से आवश्यक कदम उठाने तथा सुरक्षा संबंधी सभी व्यवस्थाओं की विस्तृत प्रतिवेदन शीघ्र उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
लगातार हो रही दुर्घटनाओं से नाराज नागरिकों ने सड़क पर उतरकर अपना विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शनकारियों ने अव्यवस्थित यातायात व्यवस्था और सुरक्षा उपायों की कमी पर सवाल उठाए। हालात को नियंत्रित रखने के लिए प्रशासन को अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करना पड़ा, जिससे क्षेत्र में शांति और सामान्य स्थिति बहाल की जा सके।

स्थानीय ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कई व्यावहारिक सुझाव दिए हैं। उन्होंने मार्ग पर हाईमास्ट प्रकाश व्यवस्था, गति नियंत्रित करने वाले अवरोधक, स्वचालित निगरानी कैमरे, स्पष्ट दिशा एवं चेतावनी बोर्ड, सुरक्षित पैदल पार पथ तथा प्रभावी यातायात प्रबंधन प्रणाली लागू करने की मांग की है। लोगों का मानना है कि यदि इन उपायों को प्राथमिकता के साथ लागू किया जाए तो भविष्य में सड़क दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।






