रांची : वैश्विक परामर्श कंपनी डेलॉइट के ताजा जेन-जी और मिलेनियल सर्वे से स्पष्ट हुआ है कि आज की युवा पीढ़ी नौकरी बदलने की जल्दबाजी में नहीं है, बल्कि भविष्य की स्थिरता, आर्थिक सुरक्षा और व्यक्तिगत विकास को ध्यान में रखकर करियर संबंधी निर्णय ले रही है। अध्ययन में 44 देशों के 22,500 से अधिक प्रतिभागियों की राय शामिल की गई, जिससे युवाओं की बदलती सोच का व्यापक चित्र सामने आया।
रिपोर्ट के अनुसार बढ़ती महंगाई युवाओं की सबसे बड़ी चुनौती बनकर उभरी है। सर्वे में 38 प्रतिशत जेन-जी और 42 प्रतिशत मिलेनियल प्रतिभागियों ने जीवनयापन की बढ़ती लागत को अपनी प्रमुख चिंता बताया। आर्थिक दबाव के कारण अनेक युवाओं ने अपना घर लेने, विवाह या परिवार बढ़ाने तथा उच्च शिक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय फिलहाल स्थगित कर दिए हैं।

अध्ययन में यह भी सामने आया कि 69 प्रतिशत जेन-जी के लिए किसी शहर में आवास की कीमत और उपलब्धता रोजगार चुनने का अहम आधार बन चुकी है। बेहतर सीखने और दीर्घकालिक अवसरों की उम्मीद में हर पांच में से एक युवा अपेक्षाकृत निचले पद पर भी काम करने को तैयार है। इसके अलावा लगभग 30 प्रतिशत जेन-जी अतिरिक्त आय के लिए फ्रीलांस, पार्ट-टाइम या अन्य वैकल्पिक कार्यों से भी जुड़े हुए हैं।






