Saraikela (संजीव मेहता) : NIT जमशेदपुर के छात्रों और स्थानीय युवकों के बीच रविवार देर शाम हुई हिंसक झड़प ने आदित्यपुर क्षेत्र में तनाव का माहौल पैदा कर दिया है. घटना कैम्पस स्थित आसंगी मार्ग की है. जो आरआईटी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है. घटना के बाद पूरे कैंपस में सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं.
नाश्ते के ठेले से शुरू हुआ विवाद-
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शाम करीब 7 बजे एनआईटी के डाउन हॉस्टल के पास स्थित एक नाश्ते के ठेले पर कुछ छात्र मौजूद थे. इसी दौरान आसंगी गांव के कुछ युवक वहां पहुंचे. मामूली कहासुनी ने अचानक उग्र रूप ले लिया और देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच मारपीट शुरू हो गई. स्थानीय युवकों द्वारा कथित तौर पर छात्रों पर हमला किए जाने के बाद मौके पर अफरातफरी मच गई. शोर-शराबा सुनकर अन्य छात्र भी मौके पर पहुंचने लगे, जिसके बाद हमलावर युवक वहां से फरार हो गए.

छात्रों का विरोध प्रदर्शन, थाना प्रभारी का घेराव-
घटना की जानकारी मिलते ही हॉस्टलों से बड़ी संख्या में छात्र बाहर निकल आए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. छात्रों ने आरोप लगाया कि आसंगी मार्ग पर बाहरी युवकों द्वारा बदसलूकी और छींटाकशी की घटनाएं लगातार हो रही हैं. लेकिन प्रशासन इस पर ध्यान नहीं दे रहा. मौके पर पहुंचे आरआईटी थाना प्रभारी संजीव कुमार को आक्रोशित छात्रों का सामना करना पड़ा. छात्रों ने उनका घेराव करते हुए मांग की कि हमलावरों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और कैंपस के संवेदनशील इलाकों में स्थायी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए. छात्रों का कहना था कि यदि संस्थान के प्रवेश द्वार के पास ही वे सुरक्षित नहीं हैं, तो यह प्रशासन की बड़ी विफलता है.
पुलिस का आश्वासन और कार्रवाई स्थिति को संभालने के लिए पुलिस ने छात्रों को शांत कराया और त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिया. दोषियों की पहचान के लिए इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि हमलावरों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके.
पुलिस प्रशासन के द्वारा एनआईटी कैंपस और आसंगी मार्ग पर पुलिस गश्त बढ़ाने का निर्देश दिया गया है.
फिलहाल इलाके में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है. लेकिन छात्रों के बीच असुरक्षा की भावना बनी हुई है. प्रशासन और पुलिस पर अब जल्द से जल्द ठोस कार्रवाई करने का दबाव है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके.




