रांची: सरायकेला-खरसावां जिले में उत्पाद विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर लगातार मिल रही शिकायतों के बीच जिले के उत्पाद दरोगा पर कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। विभागीय सूत्रों के अनुसार, लंबे समय से मिल रही शिकायतों और अवैध शराब कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण नहीं होने के कारण संबंधित पदाधिकारी, दरोगा की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार बताया जा रहा है कि उत्पाद विभाग के उच्च अधिकारियों ने जिले की स्थिति पर गंभीरता से संज्ञान लिया है और किसी भी समय प्रशासनिक स्तर पर बड़ा निर्णय लिया जा सकता है। जानकारी के अनुसार, उत्पाद दरोगा पिछले लगभग तीन वर्षों से जिले में पदस्थापित हैं। इस दौरान अवैध शराब निर्माण, बिक्री और तस्करी के मामलों में लगातार वृद्धि हुई है। कई क्षेत्रों में अवैध शराब का कारोबार कुटीर उद्योग का रूप लेता दिखाई दे रहा है, जिससे विभाग की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।

स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों द्वारा भी समय-समय पर विभाग के खिलाफ शिकायतें दर्ज कराई गई हैं। सूत्रों के अनुसार अवैध कारोबार पर लगाम नहीं लग पाना, और अवैध कारोबार में लगातार हो रही वृद्धि को गंभीर माना गया है। ऐसे में उत्पाद दरोगा का स्थानांतरण कभी भी हो सकता हैं । आने वाले दिनों में उत्पाद विभाग में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। फिलहाल प्रशासन की नजर जिले में चल रहे अवैध शराब कारोबार और विभागीय गतिविधियों पर बनी हुई है।





