जमशेदपुर : ‘विकसित भारत’ कार्यक्रम के नोडल सेंटर हेड (SPOC) डॉ. अश्विनी कुमार ने आज एक प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय पहल की घोषणा की। उन्होंने कहा कि अरका जैन यूनिवर्सिटी (AJU), अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) और शिक्षा मंत्रालय के इनोवेशन सेल (MIC) के सहयोग से 17 से 19 दिसंबर 2025 तक तीन दिवसीय इनोवेशन, डिज़ाइन एवं एंटरप्रेन्योरशिप (IDE) बूटकैंप का आयोजन करने जा रही है। डॉ. कुमार ने जोर देते हुए कहा कि इस राष्ट्रीय स्तर के बूटकैंप का मुख्य उद्देश्य PM SHRI +2 स्कूलों के शैक्षणिक नेतृत्व (प्रिंसिपल और हेडमास्टर्स) को नवाचार और उद्यमिता के साथ जोड़ना है।
विकसित भारत के लिए तैयार होगी अगली पीढ़ी डॉ. अश्विनी कुमार ने बताया कि यह ट्रांसफॉर्मेटिव कार्यक्रम माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा परिकल्पित ‘विकसित भारत’ के विज़न के अनुरूप है। इसका लक्ष्य स्कूलों में रचनात्मकता, समस्या-समाधान और आत्मनिर्भरता की संस्कृति को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा, “इस IDE बूटकैंप का मुख्य उद्देश्य स्कूल लीडर्स के बीच इनोवेशन, डिज़ाइन थिंकिंग एवं एंटरप्रेन्योरियल स्किल्स को बढ़ावा देना है, ताकि वे शिक्षा व्यवस्था में सकारात्मक परिवर्तन के एजेंट बन सकें।”
200 प्रतिभागी लेंगे हिस्सा डॉ. कुमार ने पुष्टि की कि इस क्षेत्र के PM SHRI +2 स्कूलों के प्रिंसिपल एवं हेडमास्टर सहित लगभग 200 प्रतिभागी इस तीन दिवसीय सत्र में हिस्सा लेंगे।

कार्यक्रम की विशेषताएं
– मानव-केंद्रित डिज़ाइन थिंकिंग पर आधारित विशेष वर्कशॉप।
– केस स्टडी एवं अनुभवात्मक शिक्षण मॉड्यूल।
– इन्क्यूबेशन प्रथाओं एवं स्थायी व्यावसायिक मॉडलों की विस्तृत जानकारी।
– इनोवेशन विशेषज्ञों एवं शिक्षाविदों के साथ इंटरैक्टिव सत्र।
छात्रों को जॉब दिलाने में सहायक डॉ. अश्विनी कुमार ने बताया कि प्रिंसिपल और हेडमास्टर की सक्रिय भागीदारी से यह बूटकैंप स्कूल स्तर तक इनोवेशन की प्रथाओं को प्रभावशाली ढंग से पहुंचाएगा। उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य छात्रों को केवल नौकरी खोजने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला (Job Creator) बनने के लिए प्रेरित करना है। इस पहल से PM SHRI संस्थानों में पढ़ने वाले हजारों छात्रों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा तथा जमीनी स्तर पर इनोवेशन इकोसिस्टम को मजबूती मिलेगी।”
नोडल SPOC का प्रेरक वक्तव्य प्रेसवार्ता को समाप्त करते हुए, डॉ. कुमार ने कहा, “शिक्षा लीडर ही बदलाव के वास्तविक मशालवाहक होते हैं। इस IDE बूटकैंप के माध्यम से हमारा उद्देश्य स्कूलों में इनोवेशन के बीज बोना है, ताकि अगली पीढ़ी को भारत की विकास यात्रा का नेतृत्व करने के लिए तैयार किया जा सके।” उन्होंने कहा कि अरका जैन यूनिवर्सिटी को IDE बूटकैंप के लिए नोडल सेंटर के रूप में चुना गया है, जो भारत में उद्यमिता संस्कृति को आगे बढ़ाने में संस्थान की महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाता है।




