Saraikela (संजीव मेहता) : सरायकेला जिले के आदित्यपुर स्थित सुवर्णरेखा बहुउद्देशीय परियोजना के प्रशासक कार्यालय में शुक्रवार को विस्थापितों की समस्याओं के समाधान को लेकर एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित हुई. बैठक में मुख्य रूप से ईचागढ़ विधायक सविता महतो और सुवर्णरेखा परियोजना प्रशासक सह जमशेदपुर उपायुक्त राजीव रंजन शामिल हुए. बैठक के दौरान ईचागढ़ विधायक सविता महतो ने विस्थापितों के हित में 19 सूत्री मांग पत्र सौंपा.

उन्होंने मुख्य रूप से मांग रखी कि जब तक संपूर्ण पुनर्वास कार्य पूरा नहीं हो जाता, तब तक चांडिल डैम में जल भंडारण का स्तर RL 180 मीटर तक ही सीमित रखा जाए ताकि आसपास के गांवों में पानी न भरे. इसके अलावा, विस्थापित युवाओं के लिए नियोजन की व्यवस्था, पुनर्वास स्थलों पर बुनियादी सुविधाओं (सड़क, बिजली, पेयजल, स्कूल) का विकास और विकास पुस्तिका निर्माण हेतु प्राप्त आवेदनों का त्वरित निष्पादन करने की मांग की. विधायक ने बताया कि विस्थापितों को विकास पुस्तिका व पहचान पत्र मिलने से बच्चों के नामांकन व अन्य सुविधाओं में आ रही दिक्कतें दूर होंगी. जल्द ही विशेष कैंप लगाकर विस्थापितों को कार्ड निर्गत किए जाएंगे. परियोजना प्रशासक सह उपायुक्त ने आश्वस्त किया कि प्राप्त सभी मांगों और सुझावों पर चरणबद्ध तरीके से कार्रवाई की जा रही है.
विकास पुस्तिका हेतु प्राप्त आवेदनों की जांच अंतिम चरण में है. उन्होंने कहा कि प्रथम चरण में RL 173 से 175 मीटर तक के प्रभावितों के मुआवजा व पुनर्वास की लंबित समस्याओं का जल्द समाधान कर दिया जाएगा. बैठक में झामुमों केंद्रीय सदस्य क़ाबलु महतो ने भी महत्वपूर्ण सुझाव रखे, इस मौके पर अपर निदेशक सह संयुक्त सचिव गौतम कुमार भगत समेत विभागीय पदाधिकारी भी मौजूद रहे.






