रांची : जूनियर डॉक्टरों के स्टाइपेंड वृद्धि की लंबे समय से लंबित मांग को लेकर पिछले दिनों पुरे राज्य भर के सरकारी अस्पताल के डॉक्टर्स 6 अप्रैल से अनिश्चित कालीन हड़ताल पर जाने की घोषणा की थी जिससे राज्य भर मे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो जाती जिसके मद्देनजर स्वास्थ्य विभाग के मुख्य सचिव द्वारा, आईएमए झारखंड एवं JSHSA के वरिष्ठ पदाधिकारियों की उपस्थिति में यह जानकारी दी गयी की जूनियर डॉक्टरों की सभी मांगों को स्वीकार कर लिया गया है और उन्हें लागू करने की प्रक्रिया जारी है।
यह जानकारी आई.एम.ए, जेडीएन झारखंड के चेयरमैन डा सुशील कुमार द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से दी गयी. जिसमे सरकार की ओर से आश्वास्त किया गया की जूनियर डॉक्टरों के स्टाइपेंड वृद्धि की लंबे समय से लंबित मांग को आगामी कैबिनेट बैठक में प्रस्तुत कर लागू कर दी जाएगी, साथ ही जूनियर डॉक्टर नेटवर्क की मांग के अनुरूप वार्षिक बढ़ोतरी का प्रावधान भी शामिल होगा।

मुख्य सचिव के इस सकारात्मक आश्वाशन पर डॉक्टरो ने जनहित, रोगियों की निरंतर सेवा तथा चिकित्सा व्यवस्था की सुचारु व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से, प्रस्तावित हड़ताल को फिलहाल स्थगित करने का सामूहिक निर्णय लिया गया है। साथ ही चेतावनी दी की यदि आगामी कैबिनेट बैठक में इन आश्वासनों का ठोस क्रियान्वयन नहीं होता है, तो जूनियर डॉक्टर नेटवर्क (JDN), आईएमए झारखंड एवं JSHSA संयुक्त रूप से एक नए और अधिक व्यापक आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे,




