रांची : राज्य प्रशासनिक सेवा के दो अधिकारियों पर सख्त कदम उठाए गए हैं। जामताड़ा में नियुक्त प्रभात कुमार के विरुद्ध की गई कार्रवाई को यथावत रखा गया है, जबकि हजारीबाग के पूर्व एसडीएम अशोक कुमार को गंभीर आपराधिक मामले में निलंबित किया गया है। प्रभात कुमार, जिन्हें 2021 में जामताड़ा के एलआरडीसी पद पर तैनात किया गया था, ने अपने निर्धारित पद पर कार्यभार ग्रहण नहीं किया। इस लापरवाही को लेकर उन्हें जून 2024 में सेवा से पृथक किया गया था।

स्पष्टीकरण के दौरान उन्होंने विभिन्न व्यक्तिगत कारण गिनाए, मगर किसी प्रकार के ठोस दस्तावेज नहीं दिए। नतीजतन, उन्हें बहाल तो कर दिया गया, लेकिन उन पर चेतावनी की सजा लागू रही। बाद में दिए गए दूसरे जवाब में भी कोई पक्के प्रमाण नहीं मिलने के चलते उनकी दंड की स्थिति में कोई बदलाव नहीं किया गया। दूसरी ओर, अशोक कुमार पर अपनी पत्नी की हत्या का आरोप लगा है। उन्हें फरवरी 2025 में हिरासत में लिया गया, जिसके बाद निलंबन की घोषणा की गई। प्रशासनिक आदेश के अनुसार, जेल से रिहा होने के उपरांत वे विभाग में फिर से उपस्थिति देंगे।




