बिहार : मोतिहारी में साइबर थाना पुलिस ने एक अंतरराज्यीय संगठित साइबर अपराध गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो काले धन को सफेद करने के लिए यूएसडीटी और क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग कर रहा था। पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें निजी स्कूल का संचालक सुमित सौरभ, संजीव कुमार, पप्पू कुमार, सत्यम सौरभ और दिपांशु पांडे शामिल हैं।

गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने 29.29 लाख रुपये नकद, 99,500 नेपाली रुपये, 24 मोबाइल फोन, 7 लैपटॉप, 2 टैबलेट, 2 देसी पिस्टल, 3 मुद्रा गिनने की मशीन, 16 पासबुक, 49 एटीएम कार्ड, 34 चेकबुक, एसबीआई ढाका ब्रांच की मोहर, एक थार और एक ब्रेजा कार, एक बुलेट बाइक, और एक डायरी में लेन-देन का हिसाब बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, गिरोह का मास्टरमाइंड सत्यम सौरभ नेपाल में छिपा हुआ है और उसकी गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं। यह गिरोह युवाओं को कमीशन का लालच देकर उनके बैंक खातों का उपयोग करता था और फिर काले धन को क्रिप्टोकरेंसी में निवेश कर सफेद करता था। पुलिस ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्य आयुष, यश और अंश फरार हैं और उनकी तलाश जारी है। इस मामले में नेपाल और पाकिस्तान से भी लिंक सामने आए हैं, जिससे यह मामला अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराध से जुड़ा प्रतीत होता है। पुलिस ने इस गिरोह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की योजना बनाई है। पूर्वी चंपारण जिले में साइबर अपराध की घटनाओं में वृद्धि हो रही है, और पुलिस इन अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए लगातार प्रयासरत है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत दें और साइबर अपराध से बचने के लिए सतर्क रहें।




