रांची : रांची हाईकोर्ट ने सीजीएल परीक्षा 2020-21 में पेपर लीक को लेकर झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा विंसेंट टेक्नोलॉजी पर की गई कार्रवाई को अनुचित करार दिया है। मुख्य न्यायाधीश एमएस रामचंद्र राव और न्यायमूर्ति राजेश शंकर की खंडपीठ ने गुरुवार को सुनवाई के दौरान आयोग के आदेश को रद्द करते हुए उस पर दो लाख रुपये का जुर्माना ठोका।

अदालत ने स्पष्ट किया कि महज प्राथमिकी या जांच रिपोर्ट के आधार पर किसी संस्था को हमेशा के लिए निष्कासित नहीं किया जा सकता।विंसेंट टेक्नोलॉजी ने इस फैसले के खिलाफ याचिका दाखिल की थी, जिसमें बताया गया था कि आयोग ने बिना उचित प्रक्रिया के उसे डिबार कर दिया और भुगतान भी रोक दिया। अदालत ने आयोग को निर्देश दिया कि वह चार सप्ताह के भीतर कंपनी को 41 लाख की बैंक गारंटी और 2.90 करोड़ रुपये के लंबित भुगतान पर 7% वार्षिक ब्याज समेत राशि अदा करे। अदालत ने माना कि विंसेंट टेक्नोलॉजी ने परीक्षा आयोजन की पूरी जिम्मेदारी निभाई थी और बिना ठोस प्रमाण के उस पर कठोर दंडात्मक निर्णय लिया जाना न्यायसंगत नहीं है।




