सरायकेला: सरायकेला खरसावां जिले के प्रखंड विकास पदाधिकारी गम्हरिया अभय द्विवेदी ने , हो रही लगातार अत्यधिक वर्षा को लेकर क्षेत्र के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। प्रखंड विकास पदाधिकारी अभय द्विवेदी ने आज निरीक्षण के दौरान मुड़िया पंचायत के चंद्रपुर गांव का दौरा किया, जहां भारी बारिश के चलते समीना खातून का कच्चा घर पूरी तरह ध्वस्त हो गया था।

निरीक्षण के दौरान प्रभावित परिवार को तत्काल सहायता प्रदान करने एवं राहत देने के निर्देश दिए गए। वही नारायणपुर पंचायत के नारायणपुर गांव का दौरा किया, जहां जल निकासी की समस्या विकट हो गई थी, जिसे समाधान कराया। पानी की निकासी नहीं होने के कारण सड़कें एवं घरों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। इस समस्या के निराकरण के लिए सरायकेला अंचलाधिकारी के सहयोग से त्वरित रूप से जल निकासी की व्यवस्था करवाई गई। स्थानीय लोगों की सहायता से नालियों की सफाई का कार्य भी आरंभ किया गया। इसके बाद गजिया बैराज का निरीक्षण किया गया, जहां खरकाई नदी के जल स्तर की निगरानी की गई। दोपहर 1:00 बजे जल स्तर 134.8 मीटर मापा गया, जो खतरे के निशान से नीचे था। साथ ही यह देखा गया कि जल स्तर में कमी आने की प्रवृत्ति है, जिससे राहत की स्थिति बनी हुई है। हालांकि प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और संभावित खतरे से निपटने के लिए तैयार है। प्रखंड विकास पदाधिकारी अभय द्विवेदी द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। संबंधित पंचायतों के मुखिया, पंचायत सचिव, मनरेगा रोजगार सेवक, आपूर्ति विभाग के डीलर एवं अन्य कर्मियों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सतर्क रहें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई करें। ग्रामीणों से भी अनुरोध किया गया है कि वे किसी भी प्रकार की सूचना – जैसे दीवारों में दरार, जल जमाव या भू-स्खलन – की जानकारी तत्काल प्रशासन को दें। प्रखंड विकास पदाधिकारी ने आमजन से भी अपील की है कि जिनके घर कच्चे के हैं और जिनके गिरने की आशंका है, वे तुरंत सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों, जैसे कि स्कूल, पंचायत भवन या अन्य वैकल्पिक भवनों में चले जाएं। इसके साथ ही नागरिकों को नदी-नालों के पास जाने से बचने की सलाह दी गई है।




