जमशेदपुर : जमशेदपुर पुलिस ने उलीडीह ओ पी अंतर्गत दावा दुकान की आड़ में घर और ऑटो पार्ट्स की दुकान से लगभग 25 लाख मूल्य की नशीली दवाओं के साथ तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एसएसपी किशोर कौशल ने जानकारी दी, की जमशेदपुर में गठित अपराधी घटनाओं की जांच में यह बात सामने आई थी, कि जो भी घटनाएं घटित हुई है, या तो अपराधी शराब के नशे में थे, या फिर नशीली दावाओं का सेवन कर घटना को अंजाम दिया है। जिसके बाद पुलिस ने एक टीम गठित कर अनुसंधान आरंभ की,इस बीच गुप्त सूचना मिली कि उलीडीह ओपी अंतर्गत डिमना रोड स्थित महालक्ष्मी ऑटो पार्ट्स के मालिक उमेश गुप्ता अपने बड़े भाई राजकुमार गुप्ता के मां वैभव लक्ष्मी मेडिकल दुकान की आड़ में बीते दिनों कोलकाता से भारी मात्रा में दवाइयां का खेप लाया है। उसके बाद पुलिस ने वहां छापामारी करने पर ऑटो पार्ट्स दुकान और हरिओम नगर स्थित मकान से 25000 से ज्यादा टैबलेट और सिरप सहित काफी संख्या में इंजेक्शन जिसकी बाजार मूल्य लगभग 25 लाख रुपए है।

जिसकी जांच करने पर पाया कि यह सभी दवाइयां बिना कागजात के लाया गया है, और बिना डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन के दवाइयां को नहीं दी जा सकती, लेकिन इसे मेडिकल दुकान में नशे के तौर पर इसकी बिक्री की जाती है। एसएससी ने बताया कि इनकी ऑटो पार्ट्स दुकान और घर से ही जमशेदपुर के विभिन्न मेडिकल दुकानों में सप्लाई की जाती है। पुलिस यह भी पता लग रही है कि आखिर इनके अलावा और कितने लोग हैं, और किस आधार पर इतनी भारी मात्रा में दवाइयां इन्हें प्राप्त हुई है। फिलहाल पुलिस इस मामले में उमेश और राजकुमार के अलावे सोनू पाण्डेय को गिरफ्तार किया है,तीनों से आवश्यक पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।




