बिहार : जम्मू जिले के आरएस पुरा सेक्टर में शनिवार शाम पाकिस्तान द्वारा की गई अकारण फायरिंग में बिहार के छपरा जनपद के गड़खा प्रखंड अंतर्गत नारायणपुर गांव निवासी बीएसएफ अधिकारी मोहम्मद इम्तियाज प्राणों की आहुति दे बैठे। वे राष्ट्र की सेवा करते हुए अग्रिम चौकी पर तैनात थे। गोलीबारी के दौरान उन्होंने अपने साथियों को सुरक्षित निकालने का प्रयास करते हुए घातक चोटें झेलीं और उपचार के दौरान उनका निधन हो गया।

बीएसएफ के अनुसार, यह हमला संघर्षविराम की घोषणा के कुछ ही घंटे बाद किया गया, जिसने क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया। जवान की मृत्यु की खबर उनके घर पहुंचते ही परिजनों पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा। गांव में गहरी निराशा के साथ-साथ एक गौरव की भावना भी व्याप्त है। रविवार को जम्मू के फ्रंटियर केंद्र में उन्हें अंतिम सम्मान दिया जाएगा, जिसके पश्चात उनका पार्थिव शरीर गांव लाया जाएगा। स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी, आमजन और साथी सैनिकों ने उनके अदम्य साहस और समर्पण को नमन किया है। इम्तियाज की यह कुर्बानी आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। उनका नाम इतिहास में सदा आदरपूर्वक लिया जाएगा। राष्ट्र उनके त्याग को कभी नहीं भूलेगा।




